कोरबा (khabarsamvad.com)। जिले में शांति, सुरक्षा और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने के लिए कलेक्टर कुणाल दुदावत एवं पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी ने कलेक्टोरेट सभाकक्ष में राजस्व और पुलिस विभाग के अधिकारियों की संयुक्त बैठक ली। बैठक में आगामी त्योहारों, धान खरीदी सीजन, यातायात व्यवस्था, औद्योगिक क्षेत्रों से जुड़ी समस्याओं और कानून-व्यवस्था की स्थिति की समीक्षा की गई। अधिकारियों को संवेदनशीलता, सतर्कता और आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने अधिकारियों से अपने-अपने क्षेत्रों की परिस्थितियों पर लगातार नजर रखने और शांति व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका वाले मामलों की समय रहते पहचान करने को कहा। उन्होंने ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों की सामाजिक समस्याओं का नियमानुसार निराकरण करने के निर्देश देते हुए कहा कि छोटी घटनाओं को नजरअंदाज नहीं किया जाए, ताकि वे आगे चलकर गंभीर विवाद का रूप न लें। कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में लापरवाही नहीं बरतने और प्रत्येक घटना पर परिस्थितियों के अनुरूप त्वरित कार्रवाई करने पर जोर दिया गया।
धार्मिक एवं अन्य संवेदनशील मामलों में विशेष सतर्कता बरतने और निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। असामाजिक तथा अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों की पहचान करने, संवेदनशील क्षेत्रों और स्थानों को चिह्नित करने तथा सोशल मीडिया पर प्रसारित सामग्री की नियमित निगरानी करने को कहा गया। भ्रामक सूचनाओं और कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाली गतिविधियों पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रतीक जैन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लखन पटले, अपर कलेक्टर देवेंद्र पटेल एवं ओंकार यादव सहित राजस्व, पुलिस और सार्वजनिक उपक्रमों के अधिकारी उपस्थित रहे। सभी तहसीलदार और थाना प्रभारी ऑनलाइन माध्यम से बैठक में शामिल हुए।
त्योहारों में भीड़ प्रबंधन और यातायात व्यवस्था पर जोर
आगामी त्योहारों को देखते हुए बाजारों, सार्वजनिक स्थलों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने नगर निगम, नगर पालिका, पुलिस, परिवहन विभाग और व्यापारी संगठनों के बीच समन्वय स्थापित कर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा। दुकानों के बाहर सड़क पर सामान रखने और अस्थायी बाजारों के कारण जाम की स्थिति बनने से रोकने के लिए दुकानदारों को समझाइश देने तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। पटाखों की बिक्री केवल लाइसेंसधारी विक्रेताओं द्वारा निर्धारित स्थलों पर कराने और अवैध बिक्री पर रोक लगाने को कहा गया। संबंधित अधिकारियों को पटाखा दुकानों और भंडारण स्थलों का निरीक्षण कर अग्नि सुरक्षा उपकरणों, अग्निशमन संसाधनों तथा अन्य सुरक्षा मानकों की जांच करने के निर्देश भी दिए गए।
खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और ध्वनि नियमों का पालन जरूरी
त्योहारों के दौरान लोगों को गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग को मिठाई दुकानों, होटल और रेस्टोरेंट का औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए। खाद्य पदार्थों में मिलावट की जांच करने, आवश्यकतानुसार नमूने लेने और अनियमितता पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा गया। निर्धारित समय के बाद डीजे और लाउडस्पीकर बजाने, ध्वनि संबंधी नियमों का उल्लंघन करने तथा सार्वजनिक स्थानों पर शराब सेवन जैसी गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए संबंधित विभागों को संयुक्त रूप से कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
एसईसीएल से जुड़े लंबित मामलों का समय पर करें निराकरण
कलेक्टर ने राजस्व और पुलिस अधिकारियों को आपसी समन्वय मजबूत रखने तथा जरूरी सूचनाओं का समय पर आदान-प्रदान करने को कहा। अनुविभाग एवं विकासखंड स्तर पर शांति समिति की बैठकें आयोजित कर जनप्रतिनिधियों, व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों से संवाद बनाए रखने के निर्देश दिए गए, ताकि स्थानीय समस्याओं का समय रहते समाधान हो सके। एसईसीएल से संबंधित क्षेत्रीय समस्याओं के निराकरण के लिए संबंधित अनुविभागीय अधिकारियों और उपक्रम के अधिकारियों को बैठक कर लंबित प्रकरणों की सूची तैयार करने को कहा गया। इसमें किसानों एवं प्रभावित परिवारों के आवेदन, रोजगार से जुड़े मामले, धरना-प्रदर्शन और कानून-व्यवस्था से संबंधित विषय शामिल होंगे। इन प्रकरणों की नियमित समीक्षा करने तथा प्रत्येक पखवाड़े होने वाली बैठक में निराकरण की प्रगति देखने के निर्देश दिए गए। पुराने मामलों को प्राथमिकता देते हुए निर्धारित समय-सीमा में समाधान सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
आमजन की शिकायतों को गंभीरता से सुनें अधिकारी
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने अधिकारियों को आम नागरिकों के साथ लगातार संपर्क बनाए रखने और उनकी शिकायतों एवं समस्याओं का समयबद्ध निराकरण करने के निर्देश दिए। सड़क दुर्घटनाओं में प्रभावित लोगों को तत्काल राहत उपलब्ध कराने तथा संबंधित प्रकरणों में नियमानुसार सहायता सुनिश्चित करने को भी कहा गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी विभाग टीम भावना से काम करें और आपसी सहयोग से समस्याओं का समाधान करें, जिससे प्रशासन के प्रति आमजन का विश्वास मजबूत हो।
एसपी सिद्धार्थ तिवारी ने सूचना तंत्र मजबूत करने पर दिया जोर
पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी ने कहा कि सामाजिक, राजनीतिक और धार्मिक गतिविधियों सहित कानून-व्यवस्था को प्रभावित करने वाले प्रत्येक घटनाक्रम पर सतर्कता से नजर रखना आवश्यक है। उन्होंने असामाजिक गतिविधियों में शामिल व्यक्तियों की पहचान करने, आवश्यक जानकारी जुटाने और सूचना तंत्र को सक्रिय एवं मजबूत बनाए रखने के निर्देश दिए। एसपी ने कहा कि किसी भी घटना के दौरान अधिकारियों का व्यवहार आम नागरिकों के प्रति संयमित, संवेदनशील और सहयोगपूर्ण होना चाहिए। लोगों की शिकायतों को गंभीरता से सुनकर उनका समय पर निराकरण किया जाए। उन्होंने सभी एसडीएम, एसडीओपी, तहसीलदार और थाना प्रभारियों को आपसी समन्वय से काम करने तथा किसी भी चुनौतीपूर्ण स्थिति में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।
कलेक्टर ने जिलेवासियों से की शांति और सद्भाव बनाए रखने की अपील
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने जिलेवासियों से अपील की कि त्योहारों और सार्वजनिक आयोजनों के दौरान शांति, सद्भाव और कानून का पालन करें। किसी भी अफवाह या अपुष्ट जानकारी को सोशल मीडिया पर साझा करने से बचें तथा संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तत्काल प्रशासन या पुलिस को दें। उन्होंने यातायात, ध्वनि, अग्नि सुरक्षा और सार्वजनिक व्यवस्था से जुड़े नियमों का पालन करते हुए जिले में शांतिपूर्ण वातावरण बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की।

